महागणपति मंदिर

गणेश, महागणपति रूप मेंरांजणगाँव, महाराष्ट्र

अन्य नाम: रांजणगाँव के गणपति

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महागणपति मंदिर: अष्टविनायक 8/8, गणेश, महागणपति रूप में, रांजणगाँव, महाराष्ट्र
संक्षेप में

रांजणगाँव का महागणपति मंदिर महाराष्ट्र के पुणे ज़िले के शिरूर तालुका में, पुणे-अहिल्यानगर राजमार्ग पर, गणेश का मंदिर है। महाराष्ट्र पर्यटन के क्रम में यह अष्टविनायक यात्रा का अंतिम मंदिर है, जिसके बाद यात्री मोरगाँव लौटते हैं। परंपरा के अनुसार त्रिपुरासुर से युद्ध से पहले शिव ने यहाँ गणेश की पूजा की।

देवता
गणेश, महागणपति रूप में
तीर्थ-सूची
अष्टविनायक 8/8
स्थान
रांजणगाँव, शिरूर तालुका, पुणे ज़िला
राज्य
महाराष्ट्र
देश
भारत

अष्टविनायक यात्रा में

अष्टविनायक महाराष्ट्र के आठ गणपति मंदिर हैं। महाराष्ट्र पर्यटन के अनुसार यात्रा मोरगाँव से शुरू होकर मोरगाँव पर ही पूरी होती है: मोरगाँव, सिद्धटेक, पाली, महड, थेऊर, लेण्याद्री, ओझर, रांजणगाँव और फिर मोरगाँव। रांजणगाँव यात्रा का अंतिम मंदिर है, जिसके बाद यात्री मोरगाँव लौटते हैं। परंपरा आठों मूर्तियों को स्वयंभू मानती है, यानी प्राकृतिक रूप में मिलीं, गढ़ी नहीं गईं (महाराष्ट्र पर्यटन का पत्रक)।

कथा (परंपरा के अनुसार)

मंदिर ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट यह कथा देती थी: गृत्समद ऋषि की छींक से त्रिपुरासुर का जन्म हुआ, जिसे गणेश से तीन पुर (नगर) वरदान में मिले। शिव उसे हरा नहीं पाए, तब उन्होंने छह अक्षरों के मंत्र से गणेश का आवाहन किया और सहस्रनाम का पाठ किया, और फिर एक ही बाण से तीनों पुर नष्ट किए। महाराष्ट्र पर्यटन के अनुसार शिव ने यहीं गणेश की पूजा करके मूर्ति स्थापित की। ट्रस्ट किसी पुराण का नाम नहीं देता।

मंदिर

ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट के अनुसार मंदिर पूर्वमुखी है, द्वार पर जय-विजय हैं, और दक्षिणायन में सूर्य की किरणें मूर्ति पर पड़ती हैं; मूर्ति पालथी मारकर बैठी है, सूँड बाईं ओर है और दोनों ओर ऋद्धि-सिद्धि हैं; गर्भगृह पेशवा माधवराव ने बनवाया। पूना गज़ेटियर (1885) के अनुसार मंदिर उस समय से लगभग दो सौ वर्ष पहले चिंचवड के दूसरे देव, चिंतामणराव महाराज, ने बनवाया था और 1751 में मुग़लों ने इसे लूटा।

महागणपति कैसे पहुँचें

  • महाराष्ट्र पर्यटन के अनुसार रांजणगाँव पुणे-अहमदनगर राजमार्ग पर पुणे से 50 किमी है, और पुणे हवाई अड्डा लगभग 50 किमी; ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट के अनुसार निकटतम रेलवे स्टेशन पुणे जंक्शन, 50 किमी।

प्रमुख त्योहार

भाद्रपद गणेश उत्सवत्रिपुरी (कार्तिक) पूर्णिमामाघी गणेश जयंती

मत-भेद: स्रोतों में अंतर

  • मंदिर किसने बनवाया: ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट "सरदार किने" लिखती थी; उसका 2023 का संस्करण लिखता है कि इंदौर के "सरदार किबे" ने जीर्णोद्धार कराया, और महाराष्ट्र पर्यटन लकड़ी का सभामंडप उन्हीं का बताता है; पूना गज़ेटियर चिंचवड के चिंतामणराव महाराज देव का नाम देता है। महाराष्ट्र पर्यटन मंदिर को नौवीं-दसवीं सदी का बताता है और मल्हारराव होलकर और महादजी शिंदे के जोड़े काम भी गिनाता है।
  • मंदिर ट्रस्ट (श्री क्षेत्र रांजणगाँव गणपति देवस्थान ट्रस्ट) की दोनों वेबसाइटें अब नहीं खुलतीं; उनकी पुरानी प्रतियों के समय (सुबह 5 से रात 10, 2023 में सुबह 7 से रात 10) आज के होने का भरोसा नहीं, इसलिए यहाँ समय नहीं दिया।
  • यात्रा का क्रम: महाराष्ट्र पर्यटन मोरगाँव, सिद्धटेक, पाली, महड, थेऊर, लेण्याद्री, ओझर, रांजणगाँव और फिर मोरगाँव लिखता है। रांजणगाँव ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट (2019 की संग्रहीत प्रति) सिद्धटेक को अंत में रखती है: मोरगाँव, पाली, महड, थेऊर, लेण्याद्री, ओझर, रांजणगाँव, सिद्धटेक और फिर मोरगाँव।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अष्टविनायक यात्रा का अंतिम मंदिर कौन सा है?

महाराष्ट्र पर्यटन के क्रम में रांजणगाँव का महागणपति, जिसके बाद यात्री मोरगाँव लौटकर यात्रा पूरी करते हैं।

महागणपति मंदिर कहाँ है?

महागणपति मंदिर रांजणगाँव, शिरूर तालुका, पुणे ज़िला, महाराष्ट्र में है।

महागणपति किन तीर्थ-सूचियों में है?

अष्टविनायक (सूची में 8 में से 8वाँ)।

महागणपति कैसे पहुँचें?

महाराष्ट्र पर्यटन के अनुसार रांजणगाँव पुणे-अहमदनगर राजमार्ग पर पुणे से 50 किमी है, और पुणे हवाई अड्डा लगभग 50 किमी; ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट के अनुसार निकटतम रेलवे स्टेशन पुणे जंक्शन, 50 किमी।

स्रोत

  1. महाराष्ट्र पर्यटन: रांजणगाँव: https://maharashtratourism.gov.in/ashtavinayak/ranjangaon/
  2. महाराष्ट्र पर्यटन विभाग, पत्रक "A divine journey: Ashtavinayak pilgrimage in Maharashtra": https://maharashtratourism.gov.in/wp-content/uploads/2024/07/MH-Leaflet-Ashta-Vinayak-Slides.pdf
  3. श्री क्षेत्र रांजणगाँव गणपति देवस्थान ट्रस्ट की पुरानी वेबसाइट, संग्रहीत प्रतियाँ (Wayback Machine): https://web.archive.org/web/20191016124413/http://ranjangaonmahaganpati.org/historicalBackground.aspx ; https://web.archive.org/web/20191016121318/http://ranjangaonmahaganpati.org/aboutTemple.aspx
  4. श्री क्षेत्र रांजणगाँव गणपति देवस्थान ट्रस्ट, दूसरी पुरानी वेबसाइट (संग्रहीत प्रति, 2023): https://web.archive.org/web/20230610210038/http://mahaganpatidevasthan.com/
  5. बॉम्बे प्रेसिडेंसी गज़ेटियर, पूना, 1885: रांजणगाँव: https://gazetteers.maharashtra.gov.in/cultural.maharashtra.gov.in/english/gazetteer/Poona%20District/places_r.html

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