मार्च 2027 में एकादशी (ग्यारस) कब है: 4 और 18 मार्च, आपके शहर में पारण का समय

मार्च 2027 में विजया एकादशी: गुरुवार, 4 मार्च; आमलकी एकादशी: गुरुवार, 18 मार्च। नई दिल्ली में पारण 5 मार्च को 6:43–9:03 AM और 19 मार्च को 7:14–8:52 AM। अपने शहर का समय नीचे चुनें। एकादशी को बोलचाल में ग्यारस भी कहते हैं।

मार्च 2027 में विजया एकादशी: गुरुवार, 4 मार्च; आमलकी एकादशी: गुरुवार, 18 मार्च।
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संक्षेप में

मार्च 2027 में दो एकादशी हैं: गुरुवार, 4 मार्च 2027 को विजया एकादशी (फाल्गुन कृष्ण एकादशी) और गुरुवार, 18 मार्च 2027 को आमलकी एकादशी (फाल्गुन शुक्ल एकादशी)। नई दिल्ली में विजया एकादशी का पारण शुक्रवार, 5 मार्च को 6:43–9:03 AM है; आमलकी एकादशी का पारण शुक्रवार, 19 मार्च को 7:14–8:52 AM है।

शहर चुनें: ऊपर का सार और नीचे हर तारीख का पारण का समय उसी शहर के लिए बदल जाएगा। तिथि का समय हर शहर में एक ही है।

संपादन: SanatanBodh संपादकीय टीमअंतिम अपडेट: 3 स्रोतAI की सहायता से तैयार, स्रोतों से जाँचा गयागलती बताएँ

विजया एकादशी: गुरुवार, 4 मार्च 2027

तिथि
फाल्गुन कृष्ण एकादशी
एकादशी तिथि
3 मार्च 4:45 AM से 4 मार्च 7:25 AM तक
पारण
शुक्रवार, 5 मार्च 2027, 6:43–9:03 AM

पारण का समय नई दिल्ली के लिए है; तिथि का समय हर शहर में एक ही है। सभी समय भारतीय मानक समय में।

आमलकी एकादशी: गुरुवार, 18 मार्च 2027

तिथि
फाल्गुन शुक्ल एकादशी
एकादशी तिथि
18 मार्च 4:22 AM से 19 मार्च 1:52 AM तक
पारण
शुक्रवार, 19 मार्च 2027, 7:14–8:52 AM

पारण का समय नई दिल्ली के लिए है; तिथि का समय हर शहर में एक ही है। सभी समय भारतीय मानक समय में।

शहर के अनुसार पारण का समय

पारण 5 मार्च और 19 मार्च को, 16 शहरों में, भारतीय मानक समय में।

शहरपारण 5 मार्चपारण 19 मार्च
नई दिल्ली6:43–9:03 AM7:14–8:52 AM
मुंबई6:55–9:17 AM7:14–9:09 AM
कोलकाता5:55–8:16 AM7:14–8:07 AM
चेन्नई6:23–8:46 AM7:14–8:39 AM
बेंगलुरु6:34–8:57 AM7:14–8:50 AM
हैदराबाद6:32–8:54 AM7:14–8:46 AM
अहमदाबाद6:58–9:20 AM7:14–9:10 AM
पुणे6:51–9:13 AM7:14–9:05 AM
जयपुर6:47–9:08 AM7:14–8:57 AM
लखनऊ6:27–8:47 AM7:14–8:37 AM
वाराणसी6:18–8:39 AM7:14–8:29 AM
पटना6:09–8:30 AM7:14–8:20 AM
भोपाल6:39–9:00 AM7:14–8:51 AM
इंदौर6:45–9:06 AM7:14–8:57 AM
चंडीगढ़6:45–9:05 AM7:14–8:54 AM
देहरादून6:40–9:00 AM7:14–8:49 AM

अलग-अलग पंचांगों में 1–2 मिनट का अंतर सामान्य है। गणना कैसे होती है

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मार्च 2027 में एकादशी कब है?

मार्च 2027 में दो एकादशी हैं: गुरुवार, 4 मार्च 2027 को विजया एकादशी (फाल्गुन कृष्ण एकादशी) और गुरुवार, 18 मार्च 2027 को आमलकी एकादशी (फाल्गुन शुक्ल एकादशी)।

विजया एकादशी 3 मार्च को है या 4 मार्च को?

व्रत गुरुवार, 4 मार्च 2027 को है (Drik Panchang की स्मार्त तारीख), और पारण शुक्रवार, 5 मार्च को, 6:43–9:03 AM (नई दिल्ली)। एकादशी तिथि 3 मार्च 4:45 AM से 4 मार्च 7:25 AM तक है; व्रत एकादशी के सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रखा जाता है।

आमलकी एकादशी 18 मार्च को है या 19 मार्च को?

व्रत गुरुवार, 18 मार्च 2027 को है (Drik Panchang की स्मार्त तारीख), और पारण शुक्रवार, 19 मार्च को, 7:14–8:52 AM (नई दिल्ली)। एकादशी तिथि 18 मार्च 4:22 AM से 19 मार्च 1:52 AM तक है; व्रत एकादशी के सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रखा जाता है।

मार्च 2027 में एकादशी का पारण कब है?

नई दिल्ली में विजया एकादशी का पारण शुक्रवार, 5 मार्च को 6:43–9:03 AM है; आमलकी एकादशी का पारण शुक्रवार, 19 मार्च को 7:14–8:52 AM है। दूसरे शहरों में: विजया एकादशी: मुंबई 6:55–9:17 AM, कोलकाता 5:55–8:16 AM, चेन्नई 6:23–8:46 AM, बेंगलुरु 6:34–8:57 AM; आमलकी एकादशी: मुंबई 7:14–9:09 AM, कोलकाता 7:14–8:07 AM, चेन्नई 7:14–8:39 AM, बेंगलुरु 7:14–8:50 AM। अपने शहर का समय ऊपर शहर चुनकर देखें; 16 शहरों का समय तालिका में भी है।

एकादशी का दिन कैसे तय होता है?

यह सूची Drik Panchang की स्मार्त तारीखें देती है; जब स्मार्त और वैष्णव (गौण) परंपरा के दिन अलग हों, गौण एकादशी अलग लिखी है। व्रत एकादशी के सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक होता है। पारण द्वादशी तिथि में, हरि वासर (द्वादशी का पहला चौथाई भाग) बीतने के बाद किया जाता है; सुबह का समय सबसे अच्छा माना जाता है।

अप्रैल 2027 में एकादशी कब है?

शुक्रवार, 2 अप्रैल 2027 को पापमोचनी एकादशी और शनिवार, 17 अप्रैल 2027 को कामदा एकादशी।

स्रोत

  1. Drik Panchang: एकादशी 2026 और 2027 की सूची, नई दिल्ली (हर तारीख का मिलान; अक्टूबर से दिसंबर 2027 की एकादशी हिंदू कैलेंडर 2027 के मिलान में, 30 सितंबर 2026)
  2. पारण: SanatanBodh पंचांग गणना, Drik Panchang से 2 मिनट के भीतर (नई दिल्ली; मुंबई, कोलकाता और जयपुर में अक्टूबर और नवंबर 2026 की तीन एकादशी, 3 अक्टूबर 2026); जहाँ हरि वासर प्रातःकाल के अंत से कुछ ही पल बाद खत्म होता है, वहाँ समय नहीं दिया
  3. SanatanBodh पंचांग गणना (astronomy-engine, लाहिड़ी अयनांश): sanatanbodh.in/panchang/ganana-vidhi/

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