क से नाम: शास्त्रों से 16 नाम

लड़कों के 7 और लड़कियों के 9 नाम। हर नाम का अर्थ, ग्रंथ में उसकी संख्या, और पहले अक्षर का नक्षत्र-चरण व राशि।

संक्षेप में

क से शुरू होने वाले 16 नाम यहाँ हैं: लड़कों के 7 और लड़कियों के 9 नाम। हर नाम विष्णुसहस्रनाम, ललिता सहस्रनाम, दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम में से लिया गया है और दो अलग-अलग संस्करणों में मिलाया गया है; हर नाम के साथ उसका अर्थ, ग्रंथ में उसकी संख्या, और अवकहड़ा चक्र के अनुसार पहले अक्षर का नक्षत्र-चरण और राशि (मिथुन) दी गई है।

संपादन: SanatanBodh संपादकीय टीमअंतिम अपडेट: 8 स्रोतAI की सहायता से तैयार, स्रोतों से जाँचा गयागलती बताएँ

क से लड़कों के नाम (7)

  • कपिल

    Kapilलड़का

    बड़वानल (समुद्र की अग्नि) जैसे कपिल वर्ण वाले

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 898
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कवि

    Kaviलड़का

    सब कुछ देखने वाले; उनके सिवा कोई द्रष्टा नहीं

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 132
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कांत

    कान्तKantलड़का

    अत्यंत सुंदर

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 296
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कुमुद

    Kumudलड़का

    कु (पृथ्वी) पर मुदित (प्रसन्न) रहने वाले

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 589
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    कू → आर्द्रा चरण 1 → मिथुन
  • कृष्ण

    Krishnaलड़का

    सत् (कृष्) और आनंद (ण) का एक रूप, ब्रह्म; या श्याम वर्ण वाले

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 57
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    संयुक्ताक्षर कृ का पहला वर्ण क: का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • केशव

    Keshavलड़का

    सुंदर केशों वाले; या जिनके वश में क (ब्रह्मा), अ (विष्णु) और ईश (रुद्र) हैं; या केशी असुर को मारने वाले

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 23
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    के → पुनर्वसु चरण 1 → मिथुन
  • क्षितीश

    Kshitishलड़का

    पृथ्वी (क्षिति) के स्वामी

    स्रोत
    विष्णुसहस्रनाम, नाम 991
    देवता
    विष्णु
    अर्थ का आधार
    शंकराचार्य का भाष्य
    पहला अक्षर
    संयुक्ताक्षर क्षि का पहला वर्ण क: का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन या मात्रा सहित की: की → मृगशिरा चरण 4 → मिथुन

क से लड़कियों के नाम (9)

  • कलावती

    Kalavatiलड़की

    चौंसठ कलाओं वाली

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 327
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कल्याणी

    Kalyaniलड़की

    कल्याण करने वाली; मलय पर्वत पर कल्याणी नाम से पूजित

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 324
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कांता

    कान्ताKantaलड़की

    सुंदर, मनोहर

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 329
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कांति

    कान्तिKantiलड़की

    दीप्ति-रूपा; इच्छा-शक्ति

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 449
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कात्यायनी

    Katyayaniलड़की

    कत ऋषि की पुत्री; सब देवताओं के तेज का संयुक्त रूप

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 556; दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम में भी (नाम 105)
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कामाक्षी

    Kamakshiलड़की

    सुंदर नेत्रों वाली; या जिनके नेत्र काम (शिव) हैं; कांचीपुरम की अधिष्ठात्री देवी

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 62
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • काम्या

    Kamyaलड़की

    चाही जाने वाली: मोक्ष चाहने वाले ज्ञान से जिन्हें पाना चाहते हैं

    स्रोत
    ललिता सहस्रनाम, नाम 321
    देवता
    ललिता (देवी)
    अर्थ का आधार
    भास्करराय की टीका
    पहला अक्षर
    का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन
  • कौमारी

    Kaumariलड़की

    कुमार (कार्तिकेय) की शक्ति, सात मातृकाओं में एक

    स्रोत
    दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम, नाम 54 (गीता प्रेस)
    देवता
    दुर्गा
    अर्थ का आधार
    संस्कृत कोश: मोनियर-विलियम्स, पृ. 316
    पहला अक्षर
    को → पुनर्वसु चरण 2 → मिथुन
  • क्रिया

    Kriyaलड़की

    क्रिया, कर्म करने की शक्ति

    स्रोत
    दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम, नाम 63 (गीता प्रेस)
    देवता
    दुर्गा
    अर्थ का आधार
    संस्कृत कोश: मोनियर-विलियम्स, पृ. 320; आप्टे, पृ. 430
    पहला अक्षर
    संयुक्ताक्षर क्रि का पहला वर्ण क: का → मृगशिरा चरण 3 → मिथुन या मात्रा सहित की: की → मृगशिरा चरण 4 → मिथुन

क से नाम: सवाल-जवाब

क से शुरू होने वाले नाम की राशि क्या है?

अवकहड़ा चक्र में नाम का पहला अक्षर जिस नक्षत्र-चरण का हो, उसी चरण की राशि नाम राशि मानी जाती है। इस पन्ने के नामों के पहले अक्षर: का (मृगशिरा चरण 3, मिथुन): कपिल, कलावती, कल्याणी, कवि आदि। कू (आर्द्रा चरण 1, मिथुन): कुमुद। के (पुनर्वसु चरण 1, मिथुन): केशव। को (पुनर्वसु चरण 2, मिथुन): कौमारी। यह नाम राशि है; जन्म राशि जन्म के समय चंद्रमा की राशि है, जो जन्म पंचांग से निकलती है।

नाम के साथ लिखी संख्या का क्या अर्थ है?

वह ग्रंथ में नाम का क्रम है: विष्णुसहस्रनाम और ललिता सहस्रनाम में 1 से 1000 तक, महाभारत के शिवसहस्रनाम में गीता प्रेस की गिनती से 1 से 1008 तक, और दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम में 1 से 108 तक। एक ही नाम सहस्रनाम में एक से अधिक बार आए तो पहली संख्या दी गई है।

क्या नाम जन्म-नक्षत्र के अक्षर से ही रखना चाहिए?

कई परिवारों में यह परंपरा है कि नाम जन्म के समय चंद्रमा के नक्षत्र-चरण के अक्षर से रखा जाए। यह परिवार की परंपरा पर है। यह पन्ना हर नाम के पहले अक्षर का चरण बताता है, ताकि यह मिलान किया जा सके; जन्म का नक्षत्र-चरण जन्म पंचांग से निकलता है। नामकरण की विधि अपने कुल के पुरोहित से पूछें।

स्रोत

  1. विष्णुसहस्रनाम: महाभारत, खंड 6 (अनुशासन पर्व), गीता प्रेस: नाम-क्रम और हिंदी अर्थ सहित
  2. विष्णुसहस्रनाम: विष्णुसहस्रनामावली, sanskritdocuments.org
  3. विष्णुसहस्रनाम: The Vishnu Sahasranama with the Bhashya of Sri Sankaracharya, tr. R. Ananthakrishna Sastry (Theosophical Publishing House, 1927)
  4. ललिता सहस्रनाम: ललिता सहस्रनामावली, sanskritdocuments.org
  5. ललिता सहस्रनाम: Lalita Sahasranama with Bhaskararaya’s Commentary, tr. R. Ananthakrishna Sastry (2nd ed., 1925)
  6. दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम: सचित्र श्रीदुर्गासप्तशती, अनु. रामनारायणदत्त शास्त्री ‘राम’ (गीता प्रेस, 1961): नाम-क्रम और हिंदी अर्थ सहित
  7. दुर्गा अष्टोत्तरशतनाम: श्रीदुर्गाष्टोत्तरशतनामस्तोत्रम् और नामावली, sanskritdocuments.org
  8. नाम अक्षर: बृहदवकहडाचक्रम्, शतपदचक्र श्लोक 9–15; पं. सीताराम शर्मा, अति बृहत् अवकहड़ा चक्रम् (1932), पृ. 22–26

कुछ गलत लगा? गलती बताएँ